ये रिश्ता क्या कहलाता है जीजा की बहन पर आया साले का दिल मंदिर में हुई शादी

बिहटा थाना इलाके के गोखुलपुर की 20 वर्षीय सुधा कुमारी और मनेर थाना के खासपुर निवासी 23 वर्षीय आदित्य के बीच पिछले तीन सालों से प्रेम संबंध था। आदित्य के परिजन इस शादी के लिए तैयार नहीं हो रहे थे

बिहार में एक प्रेमी जोड़े की शादी से रिश्तों का तानाबाना उलझ गया है। अगर आप सामाजिक रिश्तों को मानते हैं तो यह भी मानना पड़ेगा कि इस शादी की वजह से जीजा अपने साले का साला बन गया है तो भाभी अपनी ही ननद की भाभी बन गई है। कहानी मजेदार है जिसे लोग चटखारे लेकर कर सुन और सुना रहे हैं। मामला पटना से सटे बिहटा का है।

जानकारी के अनुसार बिहटा थाना इलाके के गोखुलपुर की 20 वर्षीय सुधा कुमारी और मनेर थाना के खासपुर निवासी 23 वर्षीय आदित्य के बीच पिछले तीन सालों से प्रेम संबंध था। दोनों फोन पर एक दूसरे से घंटों बातें करते थे। इनके करीब आने की वजह है। दरअसल आदित्य की बहन की शादी सुधा के भाई से पहले ही हो चुकी है। इसलिए आदित्य अपनी बहन के घर आता रहता था। आते जाते आदित्य अपनी बहन की ननद सुधा के करीब आ गया। दोनों की पहचान प्यार में बदल गई।

लेकिन आदित्य के परिजन इस शादी के लिए तैयार नहीं हो रहे थे। सुधा के घर वाले भी राजी नहीं हो रहे थे। सुधा आदित्य से शादी के लिए अडिग थी। लेकिन आदित्य अपने परिवार वालों के दबाव में आ गया था। इस बात को लेकर दोनों के परिवारों में भी विवाद चल रहा था। शादी के लिए आदित्य तैयार नहीं हो रहा था।

इधर सुधा इस रिश्ते से पीछे नहीं हटना चाहती थी। इसलिए उसने बिहटा पुलिस से न्याय की गुहार लगाई। मामला जब पुलिस तक पहुंचा तो दोनों परिवारों को बुलाया गया। उम्र सत्यापन में दोनों बालिग पाए गए तो कानून ने शादी के लिए रजामंदी दे दी। उसके बाद थाने में ही काउंसलर को बुलाया गया। इस दौरान लड़की ने अपने प्रेमी के साथ अंतरंग संबंधों की बात को स्वीकार किया। काउंसलर गीता कुमारी ने दोनों पक्षों को साथ बैठकर समझाया और शादी के लिए तैयार किया।

सभी पक्षों की मौजूदगी में थाने के शिव मंदिर में हिन्दु रीति रिवाज से दोनों की शादी करवाई गई। इसके साथ ही दोनों के दूजे के हो गए। लेकिन सुधा नें अपने भाई और आदित्य ने अपनी बहन के लिए एक बड़ा सवाल छोड़ दिया कि उनका आपसी रिश्ता अब क्या होगा।

इस मामले में बिहटा थानाध्यक्ष रंजीत कुमार नें बताया कि लड़का और लड़की दोनों बालिग हैं। इसलिए शादी की अनुमति दी गई है। इससे लड़की ने लड़के पर कुछ आरोप लगाए थे। महिला कोषांग की मदद से दोनों पक्षों की काउंसलिंग कराई गई तो समाधान निकल गया।

Input:- hindustan

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